बर्फीले तूफान और माइनस तापमान में भी डटे जवान, केदारनाथ धाम की सुरक्षा में आईटीबीपी व पुलिस की मिसाल

रुद्रप्रयाग।
मिनी स्विट्ज़रलैंड के नाम से प्रसिद्ध चोपता–दुगलबिट्टा क्षेत्र में दो दिनों तक हुई भारी बर्फबारी के बाद पर्यटन गतिविधियों में जबरदस्त उछाल देखने को मिल रहा है। बर्फ से ढकी पहाड़ियों और सफेद चादर ओढ़े रास्तों ने सैलानियों को बड़ी संख्या में अपनी ओर आकर्षित किया है। हालांकि, बढ़ती भीड़ के कारण ऊखीमठ–चोपता मार्ग पर लंबा जाम लग गया, जिससे पर्यटकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। कई स्थानों पर पर्यटकों को स्वयं ही जाम खुलवाने में मदद करनी पड़ी।
नववर्ष के दौरान बर्फबारी न होने से चोपता में सन्नाटा पसरा रहा था और स्थानीय व्यापारियों को नुकसान झेलना पड़ा था। लेकिन जनवरी के अंतिम सप्ताह में हुई सीजन की पहली बर्फबारी ने एक बार फिर क्षेत्र में जान फूंक दी है। होटल, ढाबे, टैक्सी और स्थानीय कारोबारियों को इसका सीधा लाभ मिल रहा है, जिससे रोजगार के अवसर भी बढ़े हैं।
जाम से जूझता ऊखीमठ–चोपता मार्ग
अत्यधिक बर्फ जमने के कारण ऊखीमठ–चोपता मार्ग पर कई वाहन फंस गए, जिससे घंटों लंबा जाम लग गया। पुलिस और प्रशासन की टीमें लगातार मार्ग को सुचारु करने में जुटी हैं, लेकिन पर्यटकों की भारी आमद के चलते स्थिति पूरी तरह नियंत्रित नहीं हो पा रही है।
केदारनाथ में शून्य से नीचे तापमान, सुरक्षा व्यवस्था सख्त
केदारनाथ धाम में लगातार बर्फबारी के कारण तापमान शून्य से नीचे पहुंच गया है। इसके बावजूद आईटीबीपी और रुद्रप्रयाग पुलिस के जवान 24 घंटे गश्त कर सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाए हुए हैं। मंदिर परिसर और आसपास के क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरती जा रही है।
केदारनाथ धाम में लगातार हो रही भारी बर्फबारी और शून्य से नीचे पहुंच चुके तापमान के बावजूद सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह चाक-चौबंद है। कड़ाके की ठंड, तेज हवाओं और बर्फीले हालातों के बीच भारतीय तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) और रुद्रप्रयाग पुलिस के जवान पूरी निष्ठा और साहस के साथ मोर्चा संभाले हुए हैं।
शीतकालीन अवधि के दौरान केदारनाथ मंदिर परिसर और आसपास के संवेदनशील क्षेत्रों में 24 घंटे गश्त की जा रही है। जवान बर्फ से ढके रास्तों, फिसलन भरी पगडंडियों और अत्यधिक ठंड के बीच भी अपने कर्तव्य का निर्वहन कर रहे हैं, ताकि सुरक्षा में किसी भी प्रकार की चूक न हो।
मशीनों से हटाई जा रही बर्फ, जल्द खुलेगा मार्ग
पुलिस अधीक्षक अक्षय प्रहलाद ने बताया कि ऊखीमठ–चोपता–गोपेश्वर मार्ग को खोलने के लिए जेसीबी और अन्य मशीनें लगातार बर्फ हटाने के कार्य में लगी हैं। प्रशासन का प्रयास है कि जल्द से जल्द यातायात सामान्य किया जाए और पर्यटकों को राहत मिले।
सीजन की पहली बर्फबारी ने जहां चोपता की खूबसूरती को और निखार दिया है, वहीं बढ़ता ट्रैफिक और जाम प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बन गया है।








