12 से 16 जनवरी तक बिंदुखत्ता में सजेगा उत्तरायणी कौतिक मेला–2026। खेल, संस्कृति और प्रतिभाओं का महासंगम, 10 जनवरी तक होंगे फॉर्म जमा


लालकुआं | बिंदुखत्ता
उत्तराखंड की समृद्ध लोक संस्कृति, खेल भावना और पारंपरिक विरासत को जीवंत करने के उद्देश्य से उत्तरायणी कौतिक मेला बिंदुखत्ता–2026 का आयोजन आगामी 12 जनवरी से 16 जनवरी 2026 तक किया जाएगा। इस पांच दिवसीय मेले में खेल, सांस्कृतिक एवं रचनात्मक प्रतियोगिताओं की धूम रहेगी, जिसमें स्कूली छात्र-छात्राओं, युवाओं और महिला समूहों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का मंच मिलेगा।
मेले की शुरुआत 12 जनवरी को वॉलीबॉल और कबड्डी प्रतियोगिताओं से होगी। 13 जनवरी को खो-खो, रस्सी कूद, निबंध लेखन एवं चित्रकला प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। 14 जनवरी को महिला समूहों की मेहंदी प्रतियोगिता तथा स्कूलों की नृत्य प्रतियोगिता होगी। 15 जनवरी को गायन प्रतियोगिता, स्कूलों की नृत्य प्रतियोगिता, महिला समूह नृत्य प्रतियोगिता और कुर्सी दौड़ कराई जाएगी। वहीं, मेले के अंतिम दिन 16 जनवरी को स्कूलों एवं महिला समूहों की नृत्य प्रतियोगिताओं के फाइनल मुकाबले होंगे।
आयोजकों के अनुसार प्रतियोगिताएं जूनियर वर्ग (कक्षा 8 तक) और सीनियर वर्ग (कक्षा 9 से 12 तक) में कराई जाएंगी। स्कूलों की सांस्कृतिक प्रतियोगिताओं में न्यूनतम 10 प्रतिभागियों की भागीदारी अनिवार्य होगी, जबकि महिला समूह नृत्य प्रतियोगिता में भी कम से कम 10 प्रतिभागी होना आवश्यक है।
प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को आकर्षक पुरस्कार दिए जाएंगे। नृत्य प्रतियोगिताओं में प्रथम पुरस्कार 5100 रुपये, द्वितीय 2100 रुपये और तृतीय 1100 रुपये निर्धारित किया गया है। साथ ही सभी प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र भी प्रदान किए जाएंगे।
समिति के अध्यक्ष दीप जोशी ने बताया कि प्रतियोगिताओं में भाग लेने के लिए फॉर्म जमा करने की अंतिम तिथि 10 जनवरी 2026 है। फॉर्म के साथ आधार कार्ड की छायाप्रति जमा करना अनिवार्य होगा। प्रत्येक प्रतिभागी अधिकतम तीन प्रतियोगिताओं में ही भाग ले सकेगा। फॉर्म जमा करने और अधिक जानकारी के लिए आयोजकों द्वारा जारी संपर्क नंबरों पर संपर्क किया जा सकता है।
उत्तरायणी कौतिक मेला न केवल मनोरंजन बल्कि उत्तराखंड की लोक परंपराओं और सांस्कृतिक पहचान को सहेजने का एक महत्वपूर्ण प्रयास है, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों के शामिल होने की उम्मीद जताई जा रही है।







